पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी दिल्ली आई हुई हैं. चुनाव से पहले उनका दिमाग इस कदर सठिया गया है कि उन्होंने न केवल चुनाव आयोग, बल्कि दिल्ली पुलिस, ईडी समेत तमाम संवैधानिक संस्थाओं के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है. देश की राजधानी दिल्ली में हो रहा उनका ये हाई वोल्टेज ड्रामा पूरा देश देख रहा है. इससे लगता है कि जनता विधानसभा चुनाव में उनकी विदाई तय कर चुकी है.
दरअसल, 2 फरवरी को चुनाव आयोग के अधिकारियों से मुलाकात के दौरान ममता बनर्जी काला शॉल ओढकर पहुंची और अनावश्यक ड्रामेबाजी की. उन्होंने न केवल मेज पर हाथ पटका, बल्कि अधिकारियों को भी खुली धमकी दे डाली. उन्होंने तो यहां तक कह दिया कि वह लाखों लोगों को दिल्ली में लाकर चुनाव आयोग के सामने जुलूस निकलवा सकती हैं.
उनकी ड्रामेबाजी की हद तो तब हो गई जब ममता बनर्जी की सुरक्षा के लिए दिल्ली पुलिस ने बंगाल भवन के पास भारी मात्रा में पुलिसबलों की तैनाती कर दी. ममता बनर्जी इस सुरक्षा घेरे को देखकर भड़क गई और उल्टा पुलिसवालों पर ही भड़क गई. उन्होंने कहा कि जासूसी के लिए ये पुलिसवाले तैनात किए गए हैं.
सुरक्षा के नाम पर बंगाल से बुलाई ‘प्राइवेट पुलिस’
ममता बनर्जी यही नहीं रुकी, उन्होंने अपनी सुरक्षा के नाम पर पश्चिम बंगाल से रातों रात स्पेशल फोर्स बुला ली. दिल्ली पुलिस के होने के बावजूद कोलकाता से डीएसपी रैंक के अधिकारी और 22 सदस्यीय RAF की टुकड़ी को विमान से दिल्ली बुलाया गया. यह टेरिटरी दिल्ली पुलिस की है और वीवीआईपी की सुरक्षा की जिम्मेदारी भी उसकी है. इसके बावजूद बंगाल पुलिस दिल्ली पहुंच गई.
ममता के इशारे पर बंगाल पुलिस ने तोड़ा प्रोटोकॉल
जैसे ही बंगाल पुलिस दिल्ली पहुंची तो देश की राजधानी में एक और हाईवोल्टेज ड्रामा देखने को मिला. बताया गया कि ममता बनर्जी को दिल्ली पुलिस पर भरोसा नहीं है. इसलिए बंगाल पुलिस ने दिल्ली पुलिस की गाड़िया चेक की और इसके वीडियो भी रिकॉर्ड किए. हालांकि प्राइवेट मोबाइल से वीडियो बनाना किसी प्रोटोकॉल में नहीं आता, इसके बावजूद ममता बनर्जी के इशारे पर बंगाल पुलिस ने ये हिमाकत की.
सवाल ये है कि दिल्ली पुलिस की कड़ी सुरक्षा के बावजूद ममता बनर्जी को किस बात का डर सता रहा है ? बंगाल समेत पूरा देश देख रहा है कि चुनाव से पहली सियासी ड्रामेबाजी के अलावा ये कुछ नहीं है. ममता बनर्जी की इस तानाशाही का जवाब देने के लिए जनता मन बना चुकी है. तभी तो हार के डर से वह घबराई हुई हैं और हर किसी पर आरोप लगाकर बस सुर्खियां बटोरने में लगी हुई है.